Chanakya Quotes in Hindi : चाणक्य के अनमोल विचार :

Chanakya Quotes in Hindi : चाणक्य के अनमोल विचार :

आचार्य चाणक्य भारत मे प्रेरणा के स्रोत के रूप में जाने जाते है । लगभग 350 ईसा पूर्व इनका जन्म तशशिला में हुआ था । वे बहुत ही संघर्षशील ,दृढ़ संकल्पित और जीवन के प्रति गहरी सोच रखने वाले व्यकितत्व थे। अनुशासन को वे सफलता का मापदंड मानते थे । वे एक सफल शिक्षक के रूप में  विख्यात थे । उन्हें विष्णुगुप्त और कौटिल्य के नाम से भी जाना जाता है । उन्होंने मगध के अत्याचारी  शासक महापदमनंद को पराजित करके प्रजा को उसके अत्याचारों से मुक्ति कराया और अपने शिष्य चन्द्रगुप्त मौर्य को वहाँ का शासक बनाया ।

उनके विचारों को ‘चाणक्य नीति ‘के नाम से जाना जाता है । उन्होंने ‘अर्थशास्र ‘पुस्तक की रचना की।जिसमे राजनीति ,धर्म ,अर्थ और कानून की पूरी जानकारी मिलती है । इतने वर्ष बाद आज भी उनके विचार प्रासंगिक सिद्ध होते है । आइये उनके अनमोल विचारों से प्रेरणा लेते है :

चाणक्य के अनमोल विचार 
1.
“संतुलित दिमाग जैसी कोई सादगी नही है ।संतोष जैसा कोई सुख नही है । लोभ जैसी कोई बीमारी नही है और दया जैसा कोई पुण्य नही है ।”

2.

“कुछ भी शुरू करने से पहले खुद से तीन सवाल कीजिये – मै यह क्यों कर रहा हूँ ? इसके परिणाम क्या हो सकते है ? क्या मै सफल हो जाऊँगा ? इन सवालों का संतोषजनक उत्तर पाकर ही आगे बढ़ना चाहिए ।”

3.
“अपने बच्चों के साथ पहले पाँच साल में एक प्रिय की तरह व्यवहार करे अगले पांच सालों में उन्हें डांटे ।
जब वे सोलह साल के हो जाये तब उनके साथ एक दोस्त की तरह व्यवहार करना चाहिए ।आपके बच्चे आपके सबसे अच्छे दोस्त हो सकते है ।”
4.

“फूलो की सुगंध हवा की रुख़ के साथ बहती है ।लेकिन एक व्यक्ति की भलाई हर दिशा में बहती है ।”
5.

“ऋण ,शत्रु और रोग को कभी भी छोटा नही समझना चाहिए । इन्हें हमेशा ख़त्म ही कर देना चाहिए ।”
6.
“नसीब के सहारे चलना अपने पैर पर कुल्हाड़ी मारने के समान है । ऐसे लोगो मो बर्बाद होने में वक्त नही लगता ।”
7.

भविष्य की सुरक्षा के लिए धन का संचय करना आवश्यक है । किन्तु वक्त पड़ने पर इन धन को खर्च करना उससे भी अधिक जरुरी होता है ।
8.”जैसे ही भय आपके पास आए ।तुरंत ही उस पर आक्रमण कर उन्हें ख़त्म कर दिन चाहिए ।”
9.

“हमे भूतकाल के बारे में पछतावा नही करना चाहिए न ही भविष्य के बारे में चिंतित होना चाहिए ।विवेकवान व्यक्ति केवल वर्तमान में जीते है ।”
10.

‘मूर्खो से अपनी तारीफ सुनने से बेहतर है कि आप किसी बुद्धिमान व्यक्ति की डाँट सुनें ।”
11.

कभी भी अपने राज को दूसरे  को मत बताओ । वरना यह आपको नष्ट कर देंगे ।”

12.

“जीवन में किसी ला भला करोगे तो लाभ होगा ।क्योकि भला का उल्टा लाभ होता है ।जीवन में किसी पर दया करोगे तो वो तुम्हे याद करेगा । क्योकि दया का उल्टा याद होता है ।”

13.

“धर्म की रक्षा धन से ,विद्या की रक्षा निरंतर साधना से ,राजा की रक्षा मृदु स्वभाव से और पतिव्रता स्त्री से घर की रक्षा होती है ।”

14.

” हर मित्रता के पीछे कोई न कोई स्वार्थ होता है ।ऐसी कोई मित्रता नही है जिसमे स्वार्थ न हो ।यह एक कड़वा सच है ।”

15.

“शांति से जीवन जीने के लिए त्याग देना जरूरी है ।जो व्यक्ति त्याग नही दे सकता वो कभी सुखी नही रह सकता ।”

16.

“अपनी इन्द्रियों को वश में कर लेना सबसे बड़ा पुण्य है ।”
17.

“अगर आपको अपने विरोधी की कमी जानना हो तो उसे अपना दोस्त बनाओ ।”

18.

जिस तरह बैलगाड़ी एक पहिये पर नही चल सकती । वैसे ही आप भी अकेले सफल नही हो सकते है ।
19.

“आपका स्वर्ग आपकी सच और मीठी वाणी में छिपा होता है ।”

20.

“जब तक तुम दौड़ने का का साहस नही झुटापाओगे ,तुम्हारे लिए प्रतिस्पर्धा में जीतना असम्भव बना रहेगा ।”

2 comments

  1. Anshu Srivastava says:

    Very nice

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